मध्यप्रदेश जबलपुर, जागरण टाइम्स । 1984 के सिख विरोधी दंगों की पीड़ित बुजुर्ग महिला को हाई कोर्ट ने बड़ी राहत दी है। न्यायमूर्ति संजीव कालगांवकर की एकलपीठ ने सीहोर जिला प्रशासन द्वारा सात लाख 23 हजार 800 रुपये की राहत राशि वापस लेने के आदेश और रिकवरी नोटिस को निरस्त कर दिया। कोर्ट ने कहा कि संकट के समय सरकार द्वारा दी गई राहत कानूनी मुआवजा नहीं, बल्कि मानवीय सहायता होती है। इसे बाद में वापस नहीं वसूला जा सकता।

केपी नारायण स्मृति पत्रकारिता पुरस्कार से सम्मानित। दो दशक से पत्रकारिता में सक्रिय।



